
मुहूर्त
गृह प्रवेश — नए घर में प्रवेश: नवंबर 2026
पंचांग किसे रोके हुए है
चातुर्मास: देवशयनी से प्रबोधिनी एकादशी तक, जब विष्णु विश्राम करते हैं, परम्परा यह कर्म रोककर रखती है। इस खोज के 20 दिन, और 21 नवंबर 2026 से आगे खुला है।
2 शुभ दिन
25 नवंबर 2026
रोहिणी · बुधवार
रोहिणी ध्रुव नक्षत्र है — परम्परा यह वर्ग उसे देती है जो टिकने के लिए हो।
बुधवार · रिक्ता तिथि नहीं
इस दिन की वेलाएँ
- 06:51 – 08:10लाभवृश्चिक लग्न
- 16:48 – 17:24लाभवृषभ लग्न
- 23:18 – 00:08अमृतसिंह लग्न
- 01:49 – 03:30शुभकन्या लग्न26 नवंबर 2026 को, इसी दिन की रात — वार सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है
26 नवंबर 2026
मृगशिरा · गुरुवार
मृगशिरा मृदु नक्षत्र है — शिशु अथवा अतिथि के साथ जो किया जाए, उसके लिए पर्याप्त कोमल।
गुरुवार · रिक्ता तिथि नहीं
इस दिन की वेलाएँ
- 12:16 – 13:27लाभ · अभिजित् मुहूर्तकुंभ लग्न
- 16:44 – 18:40अमृत · शुभवृषभ लग्न
- 18:40 – 19:05अमृतमिथुन लग्न
- 06:07 – 06:53अमृतवृश्चिक लग्न27 नवंबर 2026 को, इसी दिन की रात — वार सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है
यह सामान्य पाठ है — आपके स्थान के लिए पंचांग का उत्तर। अपनी कुण्डली बनाइए और यह आपका हो जाएगा: चन्द्रमा आपके अपने जन्म-नक्षत्र और जन्म-राशि से कितनी दूर है, यह उसका आधा है जो पुरोहित तौलते हैं।
हर वेला कोई शुभ चौघड़िया अथवा मुहूर्त है, जिसमें से राहु काल, यमगण्ड और गुलिक काट दिए गए हैं, और केवल वहीं रखी गई है जहाँ उदित राशि आपके आरम्भ के अनुकूल हो। 24 मिनट से छोटी कोई वेला नहीं दी जाती, क्योंकि मुहूर्त शास्त्रतः अड़तालीस मिनट का होता है।